sunilrathod

Saturday, 9 November 2024

पति नहीं चाहिए, दोस्त चाहिए

 पति नहीं चाहिए, दोस्त चाहिए


सुबह जब अलसाई आँखों से उठूँ तो उसके डर से नहीं, बल्कि खुद के लिए उठना चाहती हूँ। कभी-कभी कहना चाहूँ कि, "यार, आज तुम चाय बना दो।" एक ऐसा दोस्त चाहिए, जिससे बेझिझक अपनी बात कह सकूँ।


मुझे वो नहीं चाहिए जो हर बात में मुझसे कहे, "ये मत पहनो, वहाँ मत जाओ, इस से मत मिलो।" बल्कि मुझे चाहिए एक दोस्त, जो कहे, "तुम जैसे हो वैसे ही रहो।"


मुझे वो नहीं चाहिए जो खिड़की से झांकता रहे कि मैं किससे बात कर रही हूँ, और शक की कहानियाँ बुन ले। कोई ऐसा चाहिए जो मुझे समझे और कहे, "यार, तुम्हारी सोशल नेचर अच्छी है।" जो मुझसे कहे, "तुम कितनी जल्दी लोगों से घुल-मिल जाती हो, काश मैं भी कर पाता।"

पति नहीं चाहिए, जो मेरे छोटे-छोटे सपनों पर नाराज़ हो। मुझे ऐसा दोस्त चाहिए, जो कहे, "सपने देखो, और उन्हें पूरा करो।" जो कहे, "कभी अपने दोस्तों के साथ पहाड़ों पर घूम आओ, या बारिश में चाय का मज़ा लो।"

मुझे चाहिए वो, जिससे मैं कह सकूँ, "आज मेरी तारीफ करो।" जो मेरे नखरे उठाए और मुझे स्पेशल फील कराए।

मुझे वो नहीं चाहिए जो हर बात पर टोक दे, बल्कि मुझे वो चाहिए जो बारिश में मेरा हाथ पकड़ कर कहे, "आओ खिड़की खोलते हैं और बारिश में भीगते हैं।"

No comments:

हिंदू का सारा जीवन दान दक्षिणा, भंडारा, रक्तदान,

 मौलवी खुद दस बच्चे पैदा करता है, और सभी मुस्लिमों को यही शिक्षा देता है। दूसरी तरफ, हिंदू धर्मगुरु, खुद भी ब्रह्मचारी रहता है,  और सभी हिंद...